
Hadith #243
Hindi (हिन्दी)बे-शक अल्लाह बन्दे की तौबा उस वक़्त तक क़बूल फ़रमाता है जब तक कि उस पर ग़रग़रह की कैफ़ियत त़ारी न हो जाये ।
Reference: جامع الترمذي، أبواب الدعوات، باب في فضل التوبة والاستغفار، الحدیث 3537

बे-शक अल्लाह बन्दे की तौबा उस वक़्त तक क़बूल फ़रमाता है जब तक कि उस पर ग़रग़रह की कैफ़ियत त़ारी न हो जाये ।
Reference: جامع الترمذي، أبواب الدعوات، باب في فضل التوبة والاستغفار، الحدیث 3537