Hadith #157Hadith #157

Hadith #157

Hindi (हिन्दी)

जो ईमान की ह़ालत में ह़ुसूल-ए-सवाब की निय्यत से रमज़ान का रोज़ा रखे, उस के गुज़िश्ता गुनाह बख़्श दिये जायेंगे ।

Reference: صحيح البخاري، ‌كتاب الإيمان، ‌باب صوم رمضان احتسابا من الإيمان، الحدیث 38

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